myjyotish

6386786122

   whatsapp

8595527218

Whatsup
  • Login

  • Cart

  • wallet

    Wallet

Home ›   Blogs Hindi ›   Annapurna Jayanti 2022: Know what to do and what not to do on Annapurna Jayanti

Annapurna Jayanti 2022: अन्नपूर्णा जयंती में  जानें क्या करें और क्या न करें इस दिन

Myjyotish Expert Updated 06 Dec 2022 09:03 AM IST
Annapurna Jayanti 2022: अन्नपूर्णा जयंती में  जानें क्या करें और क्या न करें इस दिन
Annapurna Jayanti 2022: अन्नपूर्णा जयंती में  जानें क्या करें और क्या न करें इस दिन - फोटो : google

Annapurna Jayanti 2022: अन्नपूर्णा जयंती में  जानें क्या करें और क्या न करें इस दिन


मार्गशीर्ष माह की पूर्णिमा तिथि का दिन कई विशेष धार्मिक कार्यों के लिए उत्तम समय माना गया है.इस दिन पर अन्नपूर्णा जयंती मनाई जाती है देवी का पूजन जीवन में अन्न धन को प्रदान करने वाला होता है. देवी अन्नपूर्णा माता समस्त प्राणियों की क्षुद्धा को शांत करने हेतु पृथ्वी पर अवतरित होती हैं.

जन्मकुंडली ज्योतिषीय क्षेत्रों में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है

देवी अन्नपूर्णा को माता पार्वती का अवतार माना जाता है. इस दिन भक्त सच्ची श्रद्धा और भक्ति के साथ माता पार्वती की पूजा करते हैं, माना जाता है कि ऐसा करने से उनके जीवन में कभी भी अन्न और धन की कमी नहीं होती है.

अन्नपूर्णा जयंती हर साल कैलेंडर के नौवें महीने मार्गशीर्ष माह अर्थात अगहन माह की पूर्णिमा के दिन मनाई जाती है. इस वर्ष अन्नपूर्णा जयंती 8 दिसंबर को शुभ मुहूर्त में मनाई जाएगी. माता अन्नपूर्णा को माता पार्वती का रूप माना जाता है इसलिए इस दिन माता पार्वती की पूजा की जाती है.

पौराणिक मान्यता के अनुसार जो भी व्यक्ति इस दिन पूरी श्रद्धा, आस्था और सच्ची श्रद्धा से देवी पार्वती की पूजा करता है, उसके जीवन में कभी भी अन्न और धन की कमी नहीं होती है. मां अन्नपूर्णा की कृपा पाने के लिए इस दिन कुछ नियमों का पालन करना जरूरी माना जाता है. जो इस प्रकार हैं.

अन्नपूर्णा जयंती महत्व और विशेषता
अन्नपूर्णा जयंती का दिन धार्मिक ग्रंथों के अनुसार बहुत ही शुभ माना जाता है. ऐसे में इस दिन किचन को साफ करके गंगाजल से शुद्ध करें. चूंकि इस दिन अन्नपूर्णा देवी हैं, जो हमें अन्न से परिपूर्ण रखती हैं, इसलिए इस दिन उनके आशीर्वाद से जुड़ी वस्तुओं जैसे चूल्हा, चूल्हा, गैस आदि की पूजा करते हैं.

मात्र रु99/- में पाएं देश के जानें - माने ज्योतिषियों से अपनी समस्त परेशानियों 

साथ ही यह भी माना जाता है कि अन्नपूर्णा जयंती पर अन्न का दान देवी अन्नपूर्णा को प्रसन्न करते हैं. इस दिन लाल, पीले और सफेद रंग के वस्त्र धारण करना शुभ माना जाता है. अन्नपूर्णा माता की पूजा सुबह ब्रह्म मुहूर्त में और शाम को ही करनी चाहिए.

अन्नपूर्णा जयंती कार्य 
पूजा में कभी भी अन्नपूर्णा देवी को दूर्वा नहीं चढ़ानी चाहिए. वहीं अन्नपूर्णा जयंती के दिन किसी भी कीमत पर रसोई भोजनाल्य इत्यादि को गंदा नही रहने देना चाहिए. इसके अलावा अन्नपूर्णा जयंती के दिन किसी भी हालत में अन्न की बर्बादी नहीं करनी चाहिए. वहीं अन्नपूर्णा जयंती के दिन रसोई घर में मांस-मछली या तामसिक भोजन नहीं बनाना चाहिए, ऐसा माना जाता है कि भूल से भी माता क्रोधित होकर दरिद्रता प्रदान करती हैं.
 

ये भी पढ़ें

  • 100% Authentic
  • Payment Protection
  • Privacy Protection
  • Help & Support


फ्री टूल्स

Disclaimer

अपनी वेबसाइट पर हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर अनुभव प्रदान कर सकें, वेबसाइट के ट्रैफिक का विश्लेषण कर सकें, कॉन्टेंट व्यक्तिगत तरीके से पेश कर सकें और हमारे पार्टनर्स, जैसे की Google, और सोशल मीडिया साइट्स, जैसे की Facebook, के साथ लक्षित विज्ञापन पेश करने के लिए उपयोग कर सकें। साथ ही, अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms and Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।

Agree
X