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इस जन्माष्टमी अपनी राशि के अनुसार करें वस्त्र और भोग अर्पित, घर में होगा ख़ुशियों का संचार

sonam Rathore my jyotish expert Updated Sat, 28 Aug 2021 06:43 PM IST
Janmashtami 2021
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ग्रंथों में बताया जाता है कि भगवान श्री कृष्ण ने दुनिया वासियों को प्रेम का महत्व सिखाने और धर्म की स्थापना करने के लिए द्वापर युग में धरती पर अवतार लिया था ।
आइए जानते हैं इस साल जन्माष्टमी से जुड़े कुछ विशेष बातों के बारे में


हमारी भारतीय संस्कृति में होने वाले महा पर्वों की लंबी सूची में हर साल के भाद्रपद मास की कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि के दिन भगवान श्री कृष्ण का जन्मोत्सव बेहद ही धूमधाम से मनाया जाता है । हिंदू ग्रंथों के अनुसार , माता देवकी और यशोदा मैया के पुत्र व साथ ही साथ हमारी राधा रानी के परम सखा एवं प्रेम संगी भगवान श्री कृष्ण को नारायण देव का आठवां अवतार माना जाता है । भगवान श्री कृष्ण जन्मोत्सव के दिन हर साल ही चारों ओर भक्तों के अंदर श्री कृष्ण के नाम की धूम देखने को मिलती है । भक्तों को इस दिन का बड़े ही बेसब्री से इंतजार रहता है । इस पर्व को श्री कृष्ण जन्माष्टमी व जन्माष्टमी के नाम से भारत में जाना जाता है । इस साल श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का माह पर्व 30 अगस्त 2021 दिन सोमवार के दिन मनाया जाएगा । हिंदू पंचांग के अनुसार अष्टमी तिथि की शुरुआत 29 अगस्त दिन रविवार रात 11 बजकर 25 मिनट से शुरू होगी इसके बाद 31 अगस्त दिन मंगलवार को 01 बजकर 59 मिनट पर पूर्ण होगी । भगवान श्री कृष्ण जन्मोत्सव के पूजन का शुभ मुहूर्त 30 अगस्त रात 11 बजकर 59 मिनट पर प्रारंभ हो रहा है व 12 बजकर 44 मिनट तक बना रहेगा । इस साल इस महापर्व की पूजन मुहूर्त की कुल अवधि सिर्फ 45 मिनट की बन रही है ।

भगवान श्री कृष्ण ने दुनिया वासियों को प्रेम का सही महत्व बतलाने और धर्म की स्थापना करने के लिए द्वापर युग में धरती पर जन्म लिया था । उन्होंने अपने जन्म भूमि यानी कि मथुरा में अनेकों लीलाएं की है जिसकी चर्चाएं आज भी सुनने में आती है व साथ ही साथ प्रेम परिशुद्ध का पाठ लोगों को पढ़ाया है । भगवान श्री कृष्ण ने अधर्म का नाश कर धर्म की स्थापना की थी और गीता ग्रंथ के जरिए दुनिया में भक्ति योग , कर्म योग और ज्ञान योग का पाठ पढ़ा कर लोगों को मुक्ति का मार्ग दिखाया । भगवान श्री कृष्ण के प्रति आज भी संसार के लोगों के मन में अथाह प्रेम , सम्मान और आस्था की किरण जागी हुई है । इन्हें धरती पर तमाम नामों से पुकारा जाता है जैसे कि किसी के लिए है यह कान्हा तो किसी के कन्हैया , किसी के माधव  तो किसी के लड्डू गोपाल व एक नाम जो हर किसी व्यक्ति की जुबान पर रहता है वो है कृष्णा । हिंदू ग्रंथों में मान्यता मानी जाती है कि यदि कोई भक्त अपने सच्चे मन से प्रेम पूर्वक भगवान श्री कृष्ण की पूजा करता है तो श्री कृष्ण उसकी भक्ति से प्रसन्न होकर उसके सारे दुखों को हर लेते हैं । इस साल की जन्माष्टमी पर आप भी भगवान श्री कृष्ण को प्रसन्न कर सकते हैं व उनका आशीर्वाद भी पा सकते हैं । उसके लिए आपको बस अपनी जन्म राशि के अनुसार इन्हें वस्त्र और भोग को अर्पित करना होगा । ऐसा करने से आपके घर -परिवार के सदस्यों के सभी दुख दूर हो जाएंगे और परिवार में अपार खुशियो का संचार होगा ।

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आइए अब जानते हैं राशि अनुसार भगवान श्री कृष्ण को को क्या अर्पित करें : -

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