myjyotish

9873405862

   whatsapp

8595527218

Whatsup
  • Login

  • Cart

  • wallet

    Wallet

Home ›   Blogs Hindi ›   Astrology yearly panchak significance dates

हिन्दू शास्त्र में पंचक महत्वपूर्ण क्यों, जानें वर्ष 2021 में कब - कब होने वाला हैं पंचक ?

Myjyotish Expert Updated 15 Jan 2021 06:55 PM IST
हिंदू संस्कारों में किसी भी कार्य के शुभारंभ से पहले शुभ-अशुभ मुहूर्त का खास ख़्याल रखा जाता है। लोग किसी विशेष, बड़े या ज़रूरी कार्य को करने से पहले ज्योतिषाचार्यों से सलाह मश्विरा अवश्य करते हैं। उसी अनुसार वह उस कार्य को सम्पन्न करने हेतु कदम आगे रखते हैं। 

क्या आपको चाहिए अनुभवी एक्सपर्ट की सलाह ?

SUBMIT


वैदिक ज्योतिष के अनुसार कुछ दिन और तिथियां ऐसी होती हैं जिनमें किसी भी शुभ कार्य को आरम्भ नहीं किया जाता अपितु उनके टलने के बाद ही कार्यों में लगा जाता है। 

क्या होता है 'पंचम' योग और यह कैसे बनता है?

'मुहूर्त चिंतामणि' नामक ज्योतिष ग्रंथ के अनुसार जब भी नक्षत्रों का कोई योग यदि अशुभ बनता दिखता है तो इसे 'पंचक' कहा जाता है। ज्योतिष में जब चंद्रमा कुम्भ और मीन राशि में रहता है तो उसे पंचक कहा जाता है। 

चंद्रमा किसी राशि में ढाई दिनों तक वास करता है। इस प्रकार यह दशा पांच दिनों तक बनी रहती है। इन पांच दिवसों में चंद्रमा पांच नक्षत्रों शतभिषा, धनिष्ठा, पूर्वाभाद्रपद, उत्तराभाद्रपद और रेवती से होकर गुजरता है। इसलिए यह पांच दिन 'पंचक' के नाम से भी जाने जाते हैं। 

'पंचम' के दौरान वर्जित कार्य

वेदों में पंचक के दिनों में कई तरह के कार्यों को करना वर्जित किया गया है। जैसे कि इन दिनों में किसी को भी अपने निर्माणाधीन घर की छत नहीं डलवानी चाहिए। पलंग बनवाना, खरीदना या किसी को उसका दान करना भी वर्जित माना गया है। इन दिनों शव को जलाना भी अशुभ माना गया है। इसी प्रकार इन दिनों में दक्षिण की ओर यात्रा करने को भी अशुभ माना जाता है। इन दिनों में लकड़ी इकट्ठा करना या खरीदना भी वर्जित होता है।

विनायक चतुर्थी पर कराएं मुंबई के सिद्धि विनायक में पूजा, विघ्नहर्ता हरेंगे सारे विघ्न : 16 जनवरी 2021 - Vinayaka Chaturthi Puja Online

2021 में कब-कब होने वाले हैं पंचक

1. 15 जनवरी 2021 से 20 जनवरी 2021 

2. 12 फरवरी 2021 से 16 फरवरी 2021 

3. 11 मार्च 2021 से 16 मार्च 2021 

4. 07 अप्रैल 2021 से 12 अप्रैल 2021 

5. 04 मई 2021 से 09 मई 2021 

6. 01 जून 2021 से 05 जून 2021 

7. 28 जून 2021 से 03 जुलाई 2021 

8. 25 जुलाई 2021 से 30 जुलाई 2021 

9. 22 अगस्त 2021 से 26 अगस्त 2021 

10. 18 सितंबर 2021 से 23 सितंबर 2021 

11. 15 अक्टूबर 2021 से 20 अक्टूबर 2021 

12. 12 नवंबर 2021 से 16 नवंबर 2021 

13. 09 दिसंबर 2021 से 14 दिसंबर 2021 

पंचक के प्रकार

1. रविवार को पड़ने वाले पंचक को रोग पंचक कहते हैं। 

2. सोमवार को पड़ने वाले पंचक को राज पंचक कहते हैं 

3. मंगलवार को पड़ने वाले पंचक को अग्नि पंचक कहते हैं। 

4. शुक्रवार को पड़ने वाले पंचक को चोर पंचक कहते हैं। 

5. शनिवार को पड़ने वाले पंचक को मृत्यु पंचक कहते हैं।

यह भी पढ़े :-             

पूजन में क्यों बनाया जाता है स्वास्तिष्क ? जानें चमत्कारी कारण

यदि कुंडली में हो चंद्रमा कमजोर, तो कैसे होते है परिणाम ?

संतान प्राप्ति हेतु जरूर करें यह प्रभावी उपाय
  • 100% Authentic
  • Payment Protection
  • Privacy Protection
  • Help & Support


फ्री टूल्स

Disclaimer

अपनी वेबसाइट पर हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर अनुभव प्रदान कर सकें, वेबसाइट के ट्रैफिक का विश्लेषण कर सकें, कॉन्टेंट व्यक्तिगत तरीके से पेश कर सकें और हमारे पार्टनर्स, जैसे की Google, और सोशल मीडिया साइट्स, जैसे की Facebook, के साथ लक्षित विज्ञापन पेश करने के लिए उपयोग कर सकें। साथ ही, अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms and Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।

Agree
X